वायु प्रदुषण की वजह से आख़िरकार शरीर में क्या हो रही है बीमारियाँ! हो जाइए सावधान

हमारा देश गम्भीर वायू प्रदुषण की चपेट में है.. दुनिया के सबसे ज्यादा प्रदूषित शाहर भारत में है.. राजधानी दिल्ली तो सबसे प्रदूषित राजधानी है ही! प्रदुषण. वायु प्रदुषण, गम्भीर प्रदुषण.. कंट्रोल में प्रदुषण… खत्म होगा प्रदुषण, बढेगा प्रदुषण! लेकिन प्रदुषण जाता ही नही.
प्रदुषण तो जायेगा भी नही लकिन आपको ये कितनी गम्भीर बीमारियाँ देकर जाएगा.. इस वीडियो हम यही समझने जा रहे हैं… वीडियो देखिये और प्रदुषण से आपको क्या नुकसान हो रहा है उसे समझिये!


वायु प्रदूषण की वजह से जो बीमारियां होती हैं उससे देश में हर साल करोड़ों लोगों की जान जाती है. वायु प्रदूषण के चलते इंसान कई बीमारियों का शिकार बन सकता है.
वायु प्रदूषण से आपके दिमाग और आंखों पर असर पड़ता है. स्टोक, डिमेंशिया और पार्किंसन जैसे दिमाग संबंधी रोग वायु प्रदूषण से होते हैं. जबकि आंखें भी वायु प्रदुषण से कंजाक्टिविटिस, ब्लेफेराइटिस और मोतियां बिंद जैसी बीमारियों की शिकार बन सकती हैं.
वायू प्रदुषण फेफड़ों से संबंधित बीमारियों के लिए बड़ा खतरनाक  माना जाता है. दिल का दौरा, हाइपरटेंशन, दिल का फेल होना और अस्थमा जैसी गंभीर बीमारियां अपना शिकार बना सकती हैं वायु प्रदुषण की वजह से .फेफड़ों का कैंसर और क्रोनिक ब्रोंकाइटिस भी हो सकता है. खून में ल्यूकेमिया, खून बहने की क्षमता पर बुरा असर ,एनीमिया और सिकल सेल क्राइसिस का भी इंसान शिकार हो सकता है.

आपको जानकर हैरानी होगी कि मोटापे के पीछे भी वायू प्रदुषण को कारण माना जा रहा है. प्रदूषण से मेटाबॉलिक सिंड्रोम से वजन में इजाफा होता है. टाइप-1 और टाइप-2 डायबिटीज हो सकती है वायु प्रदुषण से!

किडनी कैंसर, ब्लैडर कैंसर, गैस्ट्रिक कैंसर, कोलोरेक्टल कैंसर का भी कारन ये वायु प्रदुषण हो सकता है. वायु प्रदुषण की वजह से सबसे ज्यादा नाक और त्वचा प्रभावित होती है.

सोचिये एक आंकड़े की माने तो वायु प्रदुषण की वजह से सिर्फ दिल्ली में साल 2020 में लगभग 54 हजार लोगों की मौत समय से पहले हुई थी. मुम्बई में 25 हजार, वायु प्रदूषण की वजह से वर्ष 2019 में देश में 1.16 लाख नवजातों की मौत हुई। वहीं, दुनियाभर में 4.76 लाख बच्चे काल के गाल में समा गए. अध्ययन के मुताबिक प्रदूषण की वजह से दिल्ली को 8.1 अरब डॉलर की अनुमानित नुकसान हुआ है जो सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 13 प्रतिशत है.