चरणजीत चन्नी भेजते थे IAS अधिकारी को अश्लील मैसेज! पंजाब कांग्रेस में फिर बगावत हुई शुरू? जानिए पंजाब में हो क्या रहा है

पंजाब को नया मुख्यमंत्री मिल गया है. चरणजीत सिंह चन्नी पंजाब के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ले चुके हैं. राजनीतिक और जातीय समीकरण से चन्नी को मुख्यमंत्री बनाना कांग्रेस की बड़ी चाल कही जा रही है. हालाँकि चरणजीत चन्नी को जब से मुख्यमंत्री बनाये जाने की घोषणा की गयी है तभी से लेकर उनके ऊपर अब तक लगे कई संगीन मामलों का मुद्दा जोर शोर से उठाया जाने लगा है. कांग्रेस एक तरफ जहाँ चन्नी को पंजाब का पहला दलित मुख्यमंत्री बता वाहवाही लूट रही हैं वहीँ बीजेपी अब चन्नी को लेकर आरोप पर आरोप और पुराने आरोपों को सामने लाकर चन्नी की “असली छवि” दिखाने की कोशिश कर रही है.

दरअसल चरणजीत सिंह चन्नी पर कई आरोप लगे हैं. चाहे टॉस उछालकर अधिकारियों की पोस्टिंग का मामला हो या फिर महिला IAS अधिकारी को अश्लील सन्देश भेजने का आरोप हो. बीजेपी चरणजीत सिंह चन्नी पर लगाए गये सभी आरोपों को एक बार फिर कुदेरने में लग गयी है. आइये जानते हैं कि पंजाब के नए मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी पर अब तक किस तरह के और कितने संगीन आरोप लगे हैं.

टॉस उछालकर पूरी की पोस्टिंग की प्रक्रिया!
पंजाब के नए मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी का पुराना वीडियो इस वक्त चर्चाओं में हैं. जिसमें वे टॉस उछालकर लेक्चरर के दो आवेदक के पोस्टिग का फैसला कर रहे हैं. उस वक्त चन्नी ने टॉस किया और जिसका टेल आया, उसे मन मर्जी वाली जगह पोस्टिंग मिल गई. आपको बता दें कि उस वक्त चरणजीत सिंह चन्नी जब तकनीकी शिक्षा मंत्री थे.

महिला IAS को भेजा था अश्लील मैसेज!
चरणजीत सिंह चन्नी पर एक महिला IAS अधिकारी ने अश्लील मैसेज भेजने का आरोप लगाया था. कहा जाता है कि उस वक्त ये मामला तत्कालीन मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के पास भी पहुंचा था. तब अमरिंदर सिंह के कहने पर चन्नी ने महिला IAS अधिकारी से माफ़ी मांगी थी.  पंजाब महिला आयोग की अध्यक्ष मनीषा गुलाटी ने चेतावनी दी थी कि चन्नी पर कार्रवाई न हुई तो वे अनशन पर बैठ जाएंगी.

ग्रीन बेल्ट तोड़कर बनावाई थी सड़क 
विवादों से चरणजीत सिंह चन्नी का पुराना नाता रहा है. एक बार तो उन्होंने एक ज्योतिषी के कहने पर अपने घर का एंट्रेंस गेट ही बदल दिया था. बात साल 2018 की है जब चन्नी राजनीति में कामयाबी पाने के लिए चंडीगढ़ स्थित घर में एंट्री की दिशा पूर्व की तरफ कर दी. इसके लिए उन्होंने ग्रीन बेल्ट तुड़वाकर सड़क बनवा दी थी  हालांकि विवाद बढ़ता देख चंडीगढ़ प्रशासन ने फिर सड़क हटा ग्रीन बेल्ट बना दिया.

पैचवर्क के काम को माना कामयाबी!
जब पंजाब में बीजेपी और अकाली दल की सरकार थी उस वक्त कुछ समय के लिए चन्नी विपक्ष के नेता भी रहे थे. उस वक्त एक चर्चा के दौरान उस वक्त डिप्टी सीएम सुखबीर बादल  ने पूछा कि 2002 से 2007 के बीच कैप्टन सरकार का एक विकास कार्य बताएं. इसके जवाब में चन्नी ने कहा कि उनकी सरकार ने पूरे देश की सड़कों पर पैचवर्क का काम किया है.

हाथी की सवारी!
ऐसा कहा जाता है कि पंजाब का मुख्यमंत्री बनने और राजनीति में कामयाबी के लिए चन्नी ने एक बार अपने आवास पर हाथी की सवारी भी की थी. उस वक्त ऐसी ख़बरें सामने आई थी कि ज्योतिषी ने कहा है” अगर वे हाथी की सवारी कर लें तो मुख्यमंत्री बन सकते हैं.”

तो ये रहे वो आरोप जो चरणजीत सिंह चन्नी पर लगाए जा चुके हैं या इन विवादों के साथ पंजाब के नए मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी का नाता है. वैसे पंजाब में उठा सियासी भूचाल अभी भी थमने का नाम नही ले रहा है. कैप्टन अमरिंदर सिंह चरणजीत चन्नी के शपथ ग्रहण समारोह में नही पहुंचे. माना जा रहा है कि कैप्टन पार्टी के फैसलों और नवजोत सिंह सिद्धू के बढ़ते दखल से नाराज हैं. ये कांग्रेस के लिए शुभ संकेत नही है. इतना ही नही, जब कांग्रेस इंचार्ज हरीश रावत ने रविवार को कहा कि अगले चुनाव नवजोत सिंह सिद्धू की अगुआई में लड़े जाएंगे. इस पर पंजाब कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और कल तक सीएम रेस में आगे चल रहे सुनील जाखड़ ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है.

सुनील जाखड़ ने हरीश रावत के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि क्या पंजाब में दलित CM पार्टी की तरफ से महज औपचारिकता है। इससे वह बात भी साबित हो रही है कि CM की कुर्सी पर चन्नी होंगे, लेकिन मर्जी सिद्धू की ही चलेगी.  जाखड़ के इस बयान के बाद पंजाब कांग्रेस में नई बगावत की नींव पड़ गई है.देखने वाली बात होगी कि पंजाब में खड़ा हुआ सियासी तूफ़ान कब शांत होता है!