कोरोना की वजह से चीन की चिंता फिर बढ़ने लगी, पूरे शहर में लगा दिया गया लॉकडाउन

पूरी दुनिया में कोरोना ने फिर से मुश्किलें बढ़ानी शुरू कर दी है।  दुनिया के कई देशों में कोरोना के नए मामले में वृद्धि देखी जा रही है. इस कड़ी में दुनिया को कोरोना देने वाले चीन में एक बार फिर कोविड -19 संक्रमण के मामले बढ़ते जा रहे हैं। चीन एक एक शहर में कोरोना के मामले बढ़ने लगे हैं। जिसके बाद चीन की सरकार ने पूरे शहर में ही लॉकडाउन लगा दिया है। दक्षिणी चीन के हैनान प्रांत में कोविड-19 के 259 नए मामले सामने आए हैं। दक्षिणी चीन के हेनान प्रांत में कोविड-19 के 259 नए मामले सामने आने के बाद महामारी से जुड़ी पाबंदियों के चलते करीब 80,000 पर्यटक फंस गए हैं। उधर, प्रांतीय राजधानी में स्कूल की छुट्टियों के दौरान कोरोना संक्रमण बढ़ने पर सोमवार को निवासियों का 13 घंटों तक घरों से निकलना रोक दिया गया है।

तटीय शहर सानया बना ‘हॉटस्पॉट

हेनान प्रांत के समुद्र तटीय शहर सान्या को कोविड-19 का हॉट स्पॉट मानते हुए लॉकडाउन लगाने की घोषणा की थी. इस कारण वहां आए टूरिस्ट होटलों में बंद हो गए. ये टूरिस्ट वहां से निकलना चाहते हैं इसलिए पिछले सात दिनों में उन्हें 5 बार कोरोना के लिए पीसीआर टेस्ट कराना पड़ा. सभी टेस्ट में निगेटिव आने के बावजूद वे वहां अब तक फंसे हुए हैं. ये टूरिस्ट अन्य शहरों में भारी पाबंदी को देखते हुए यहां छुट्टियां मनाने आए थे लेकिन यहां भी उनके लिए मुश्किलें खड़ी हो गईं।

हांगकांग : विदेशी यात्रियों के लिए पृथकवास अवधि घटाई

चीन के अर्धस्वायत्त शहर हांगकांग ने सोमवार को घोषणा की कि वह विदेश से आने वाले लोगों के लिए अनिवार्य रूप से होटल में पृथक रहने की अवधि घटाकर तीन दिन करेगा जबकि अभी उन्हें एक सप्ताह तक पृथक रहना होता है। नयी नीति शुक्रवार से लागू होगी। तीन दिन के पृथकवास के बाद चार दिन तक उनके स्वास्थ्य की निगरानी की जाएगी और इस दौरान उनकी आवाजाही पर पाबंदी होगी।

चीन की जीरो कोविड पॉलिसी

चीन में सोमवार को कोरोना के नए मामलों में 324 स्थानीय संक्रमण वाले केस आए जबकि बिना लक्षण वाले नए मरीजों की संख्या 483 रही. चीन कोरोना के नए मामलों को दो तरह से परिभाषित करता है. चीन कोरोना पर शून्य नीति यानी जीरो कोविड पॉलिसी अपना रखी है. हालांकि इसके लिए आर्थिक और सामाजिक कीमत चुकानी पड़ती है. अधिकारियों का दावा है कि शून्य नीति के कारण चीन में अन्य देशों के मुकाबले कोरोना संक्रमण के कम मामले आते हैं और इस बीमारी के कारण अस्पताल जाने की नौबत भी कम है. चीन का दावा है कि जीरो पॉलिसी के कारण है चीन में कोरोना का बेहतर प्रबंधन किया गया है और इसके कारण मृत्यु भी बहुत कम हुई है.