छत्त पर फल और सब्जिया उगाये और कमाए मुनाफा, स्मार्ट अर्बन फार्मिंग योजना को मिली मंजूरी

द‍िल्‍ली के लोगों को अब ताजा और घर में पैदा की गई फल-सब्ज‍ियां खाने को म‍िलेंगी। द‍िल्‍ली को हराभरा बनाने और ग्रीन कवर को बढ़ाने के ल‍िए केजरीवाल सरकार  हरसंभव कोश‍िश में जुटी है। इन्ही प्रयासो के तहत अब केजरीवाल सरकार दिल्ली के शहरी इलाकों में स्मार्ट अर्बन फार्मिंग (Urban Farming) को बढ़ावा देगी। दिल्ली सचिवालय में आयोजित कैबिनेट बैठक में आज स्मार्ट अर्बन फार्मिंग पहल को मंजूरी मिल गई है।

क्या है अर्बन फार्मिंग ?

अर्बन फार्मिंग के तहत, यदि पर्याप्त धूप उपलब्ध हो तो लोग अपने घर की छतों पर फल, सब्जियां और पौधे उगा सकते हैं। इससे न सिर्फ लोगों को अपने द्वारा उगाई गई शुद्ध फल और सब्जियां प्राप्त होंगी, बल्कि दिल्ली के ग्रीन क्षेत्र में भी वृद्धि होगी। घर पर उगाई गयी सब्जियों से आप खतरनाक कीटनाशक और रसायन से बच सकते है।

दी जाएगी अर्बन फार्मिंग की ट्रेनिंग

दिल्लीवालों के लिए 400 शहरी कृषि जागरूकता कार्यशालाएं आयोजित करने का प्रस्ताव दिया गया है.  40 मास्टर ट्रेनर्स और 10 हजार लोगों को प्रशिक्षित किया जाएगा। इस कार्यक्रम का उद्देश्य अर्बन फार्मिंग के प्रति दिल्ली के लोगों में जागरूकता बढ़ाना है. साथ ही दिल्ली में ग्रीन जॉब के सृजन को बढ़ावा देना है। दिल्ली के लोगों के लिए इंडस्ट्री पार्टनर्स के माध्यम से 600 उद्यमिता प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिसमें 15 हजार लोगों को ट्रेनिंग दी जाएगी। उम्मीद है की इस पहल से पहले साल में दिल्ली के करीब 25000 परिवारों को फायदा होगा।

रोजगार पैदा करने का साधन

यह योजना एक तरह का रोजगार उत्पन्न करने का भी एक साधन होगा। अगर कोई गृहणी छोटा-मोटा बिजनेस करना चाहती है तो इससे उनके परिवार को कुछ अतिरिक्त आमदनी होगी। दिल्ली सरकार डियन एग्रीकल्चरल रिसर्च इंस्टीट्यूट के साथ टाई-अप करने जा रही है जिसके तहत विशेषज्ञ के माध्यम से पूरे दिल्ली में वार्ड स्तर पर 400 के करीब वर्कशॉप आयोजित की जाएंगी।

दो भागों में बांटा गया है प्रोजेक्ट

जिन-जिन लोगों के घरों में बालकनी या छत पर थोड़ी बहुत भी जगह है और वे छोटी-मोटी फार्मिंग करना चाहते हैं. मसलन, सब्जियां या फल उगाना चाहते हैं, तो उन लोगो को अर्बन फार्मिंग सिखाई जाएगी। इस प्रोजेक्ट को दो भागो में बता गया है पहले में जो लोग सिर्फ अपने लिए फल या सब्जिया उगना कहते है उन्हें शिकाय जायेगा वही दूसरे में जो लोग बिसनेस के लिए फल या सब्जियों को उगना कहते है उन्हें शिखाया जायेगा।