International Tea Day 2020: जानें वो रोचक कहानी जिससे हुआ था चाय का अविष्कार?

आज का दिन चाय और चाय प्रेमियों के लिए समर्पित है. जी हां 15 दिसंबर को हर साल International Tea Day यानी अंतरराष्ट्रीय चाय दिवस  मनाया जाता है. इस दिन को सेलिब्रेट करने का मकसद दुनिया भर में चाय के व्यापार पर और चाय बागानों में श्रमिकों और उत्पादकों पर वैश्विक ध्यान केंद्रित कराना है.

साल 2004 में भारत के मुंबई में व्यापार संघों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों की बैठक में 15 दिसंबर को अंतरराष्ट्रीय चाय दिवस मनाने का फैसला किया गया.जिसके बाद पहली बार 15 दिसंबर 2005 को अंतरराष्ट्रीय चाय दिवस  मनाया गया था.

सावधान! एक चाय की प्याली बन सकती है जानलेवा - disadvantages-of-tea

यहां आपकी जानकारी के लिए बता दें कि चाय दुनिया भर में सबसे अधिक इस्तेमाल किए जाने वाले पेय पदार्थों में से एक माना जाता है. इसके साथ ही चाय एक ऐसा पेय है जो कैमेलिया सिनेंसिस के पत्तों से बनता है, जो एशियाई महाद्वीप के लिए एक झाड़ी है. पहली बार इसकी खेती चीन में की गई थी, इसे लेकर एक कहानी बहुत मशहूर है कि एक बार सम्राट शेनॉन्ग अपने बगीचे में बैठ कर गर्म पानी पी रहे थे. इसी दौरान एक पेड़ की पत्ती उनके गर्म पानी के कप में गिर गई जिसके बाद पानी का रंग बदल गया और अच्छी महक भी आने लगी.फिर सम्राट ने जब इस पानी को टेस्ट किया तो उन्हें उसका स्वाद बेहद पसंद आया और इस प्रकार चाय का अविष्कार हुआ.

ऐसे में आज चाय प्रेमियों के लिए हम आपको बताने जा रहे है इससे मिलने वाले स्वास्थ्य लाभ-

International Tea Day : जानें कितने तरह की होती है चाय और क्या हैं इसके  फायदे

 

-चाय में कैफीन और टैनिन मौजूद होते हैं. इससे बॉडी में फुर्ती का अहसास बना रहता है.

-चाय में एंटीजेन पाए जाते हैं जो एंटी-बैक्टीरियल क्षमता प्रदान करते हैं.

-चाय में मौजूद एंटी-ऑक्सीडेंट्स इम्यून सिस्टम को सही रखता है और कई बीमारियों से बचाता है.

-चाय बुढ़ापे की रफ्तार को भी कम करती है और शरीर को उम्र के साथ होने वाले नुकसान से भी बचाने में सहायक होती है.

-चाय में पाए जाने वाले फ्लोराइड हड्डियों को मजबूत बनाते है और दांतों में कीड़ा लगने से भी रोकते है.

-इतना ही नहीं बल्कि कई रिसर्च में ये बात भी सामने आई है कि चाय कैंसर, हाई कॉलेस्ट्रॉल, एलर्जी, लिवर और दिल की बीमारियों में भी फायदेमंद मानी जाती है.