कोरोना का डर 8 से 10 फीसदी लोग गलत जानकारी दे रहे है

झारखण्ड  में जहां लगातार कोरोना मरीजों की संख्या बढ़ रही है। वहीं दूसरी ओर कोरोना की जांच करानेवाले करीब 8 से 10 फीसदी लोग ऐसे भी सामने आ रहे हैं जो अपना पता और मोबाइल नंबर गलत रजिस्टर करा रहे हैं।

 

लोगों की इस लापरवाही ने जिला प्रशासन के साथ.साथ आम लोगो की भी परेशानी बढ़ा दी है। कोविड संक्रमण को लेकर बने कंट्रोल रूम से 4 और 5 अगस्त को कुल 291 जांच करानेवाले लोगों को कॉल किया गया। इनमें 50 लोगों का मोबाइल नंबर गलत मिला। इसके कारण पॉजिटिव आने पर भी ऐसे लोगों को जिला प्रशासन ट्रेस नहीं कर पा रही है। इससे दूसरों को भी संक्रमित होने का खतरा बढ़ गया है।

 

रांची समाहरणालय स्थित कंट्रोल रूम को बीते 10 दिनों से लगातार फोन नंबर या एड्रेस गलत होने के मामले आ रहे हैं। कभी किसी दिन 30 से ज्यादा के मोबाइल नंबर गलत मिल रहे हैं ।

दें सही जानकारी. उपायुक्त

उपायुक्त सह ज़िला दंडाधिकारीए रांची छवि रंजन ने सैंपल जांच के दौरान लोगों से सही पता और फोन नंबर देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि कोई भी कोविड.19 जांच के लिए टेस्टिंग लैब पर पहुंचते हैंए तो कृपया अपना पताए थाना का पता सहित मोबाइल नंबर एवं एक अल्टरनेट मोबाइल नंबर सही . सही रजिस्टर करवाएं। इससे न सिर्फ संक्रमित मरीज़ को जल्द से जल्द अस्पताल में भर्ती कराने में मदद मिलेगी बल्कि यह रांचीवासियों एवं मरीज़ के आसपास के लोगों की सुरक्षा में भी सहायक होगा। उन्होंने लोगों से सुरक्षित रांची बनाने में सहयोग की अपील की है।