महाराष्ट्र में वर्षाजनित हादसों में 16 हजार से अधिक परिवार तबाह : शरद पवार

मुंबई: राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के अध्यक्ष शरद पवार ने कहा कि महाराष्ट्र में वर्षाजनित विभिन्न हादसों में 16 हजार से अधिक परिवार तबाह हो गए हैं। राकांपा इन सभी परिवारों के लिए राहत सामग्री भेजेगी। राकांपा की ओर से इन इलाकों में 250 मेडिकल टीम भी भेजी जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रभावित इलाकों में नेताओं के दौरे से प्रशासन पर अनावश्यक दबाव बढ़ता है, साथ ही राहत एवं बचाव कार्य भी प्रभावित होता है। इसलिए नेता अनावश्यक दौरा टालें, दौरा सिर्फ मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री तक ही सीमित रहना चाहिए।

पवार ने कहा कि भारी बारिश के बाद हुए भूस्खलन और आई बाढ़ से कोल्हापुर, सांगली, सातारा, रायगढ़, रत्नागिरी, सिंधुदुर्ग, पुणे, ठाणे आदि जिलों में भारी नुकसान हुआ है। लोगों के घर गिर गए हैं। फसलें बर्बाद हो गई हैं। घर में कुछ भी नहीं बचा है। इस हालत में इन लोगों को किसी भी तरह मदद की जरूरत है। सेवाभावी लोगों को आगे बढ़कर इनकी मदद करनी चाहिए। पवार ने कहा कि राकांपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता विपत्ति की इस घड़ी में बढ़-चढक़र मदद कर रहे हैं। राष्ट्रवादी वेलफेयर ट्रस्ट की ओर से आगामी दो-तीन दिन में जरूरतमंदों तक मदद पहुंचा दी जाएगी।

राकांपा प्रमुख पवार ने कहा कि प्रभावित इलाकों में राहत एवं बचाव कार्य जारी है। यहां नेताओं के अनावश्यक दौरे से सरकारी मशीनरी को लोगों की मदद छोडक़र नेताओं की आवभगत में अपना वक्त जाया करना पड़ता है। इसलिए दौरा सिर्फ मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री तक ही सीमित रहना चाहिए। इसका कारण नुकसान भरपाई तय करना और नुकसान रोकने की योजना बनाने की जिम्मेदारी उन पर है।

शरद पवार ने कहा कि रायगढ़ जिले के तलिए गांव में लोगों के घर ध्वस्त हो गए हैं। इस गांव के लोगों को उनके खेतों के आसपास ही घर बनाकर देना जरूरी है। अगर इन लोगों को दूर बसाया गया तो इन लोगों को अपने खेत में जाने के लिए असुविधा होगी। सरकार नुकसान का आकलन कर रही है और बहुत जल्द क्षतिपूर्ति की घोषणा की जाएगी। पवार ने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों का दौरा राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी भी कर रहे हैं, वे भी केंद्र सरकार से राहत पैकेज जरूर लाएंगे।