भीषण गर्मी और पावरकट का गहराया संकट : देश के कई राज्यों में बिजली से परेशान लोग

भीषण गर्मी के बीच देश में बिजली की किल्लत बढ़ रही है। दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, बिहार और पंजाब समेत देश के कई राज्यों में प्रचंड गर्मी का कहर देखने को मिल रहा है। जहा दिल्ली, हरियाणा के कई इलाकों में गुरुवार को तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया था और आने वाले दिनों में ऐसा ही मौसम बने रहने की संभावना है। वही अब एक और चिंता जनक बात समाने आ रही है की दिल्ली समेत देश के कई राज्यों में इस भीषण गर्मी में भारी पावर कट से यह समस्या और बढ़ सकती है। देश में बिजली की कुल आपूर्ति गुरुवार को अब तक के सबसे ऊंचे स्तर 205.65 गीगावॉट पर जा पहुंची. मौसम विभाग ने अभी अगले पांच दिन भीषण गर्मी पड़ने की संभावना जताई है. इससे बिजली की मांग में और इजाफा होगा।

भीषण गर्मी के चलते बिजली की डिमांड बढ़ गई है और कोयले की सप्लाई में कमी देखी जा रही है। दिल्ली, पंजाब, उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में पहले से ही बिजली की कटौती चल रही है और आने वाले दिनों में यह संकट और बढ़ सकता है।

दिल्ली में मेट्रो और अस्पतालों पर भी पड़ सकता है असर

दिल्ली सरकार ने गुरुवार को कहा कि राजधानी में मेट्रो का संचालन और अस्पतालों को बिजली की आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। दिल्ली सरकार की ओर से जारी बयान में कहा गया, ‘दादरी और ऊंचाहार पावर स्टेशनों से बिजली की सप्लाई में कमी आई है। ऐसे में कई ऐसे संस्थानों के लिए बिजली आपूर्ति में संकट आ सकता है, जो 24 घंटे चलते हैं। मेट्रो और दिल्ली सरकार के सरकारी अस्पतालों में बिजली की सप्लाई प्रभावित होती है।

इन राज्यों में होगा पावर कट

भीषण गर्मी के बीच देश में बिजली की किल्लत बढ़ रही है। उत्तराखंड, झारखंड, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, महाराष्ट्र और पंजाब समेत कई राज्यों में उपभोक्ताओं को दो से आठ घंटे तक बिजली कटौती (Power Cut) का सामना करना पड़ रहा है। उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में इन दिनों रोज 23 हजार मेगावॉट बिजली की मांग है, लेकिन आपूर्ति सिर्फ 20 हजार मेगावॉट की है। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्रों और छोटे शहरों में बिजली कटौती की जा रही है।  हरियाणा में भी रात को बिजली कट लगने से खफा ग्रामीणों ने कई जगह विरोध-प्रदर्शन किया. हरियाणा में तीन से पांच घंटे तक बिजली की कटौती हो रही है। जिन राज्‍यों में बिजली की सबसे ज्‍यादा कमी है उनमें सबसे ऊपर झारखंड है. बिजली की सप्लाई जरूरत से 17.28 फीसदी कम हो रही है. जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में 11.62 फीसदी, राजस्‍थान में 9.60 फीसदी, हरियाणा में 7.67 फीसदी और उत्तराखंड में मांग के मुकाबले 7.59 फीसदी कम बिजली की आपूर्ति हो रही है। तमिल नाडु में भी लोगो को बिजली के पावर कट का सामना करना पढ़ रहा है। राजस्थान में भी 5  से 7  घंटो की बिजली की कटौती की जा रही है।