उर्जा विभाग का बिजली चोरी को लेकर राज्यस्तरीय सघन जांच अभियान

रांची: झारखंड, ऊर्जा विभाग के प्रधान सचिव अविनाश कुमार के निर्देशन में बिजली के अवैध इस्तेमाल को रोकने के लिए शुक्रवार को राज्यव्यापी सघन जांच अभियान चलाया गया। झारखण्ड उर्जा विकास निगम लिमिटेड द्वारा चलाये जा रहे इस राज्यव्यापी छापेमारी में कुल 3175 परिसरों में छापेमारी की गयी। छापेमारी के दौरान पूरे राज्य में करीब 782 परिसरों में उर्जा की चोरी, अनाधिकृत भार से संबंधित भार के मामले पाये गये और संबंधित उपभोक्ताओं पर संबंधित थानों में भारतीय विद्युत अधिनियम 2003 के अन्तर्गत प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है। साथ ही, 154.48 लाख रुपये का जुर्माना भी वसूला गया। प्रधान सचिव ने निर्देशित किया कि भविष्य में भी इस तरह के औचक अभियान चलाए जाते रहेंगे एवं बिजली चोरी में संलिप्त व्यक्ति के विरुद्ध सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई कराई जाएगी।

उल्लेखनीय है कि झारखण्ड उर्जा विकास निगम लिमिटड विद्युत उर्जा चोरी के रोकथाम के लिए सतत प्रयासरत है और इसी प्रयास के अन्तर्गत राज्य स्तरीय एक दिवसीय छापेमारी की गयी थी। छापेमारी में सर्वाधिक डाल्टनगंज में अनाधिकृत भार तथा उर्जा चोरी के मामले पाये गये जबकि राजधानी रांची में कुल 234 परिसरों की जांच की गयी जिसमें से 56 लोगों पर प्राथमिकी दर्ज की गयी तथा 11.49 लाख का जुर्माना लगाया गया। राज्य के करीब 15 जिलों में छापेमारी अभियान चलाया गया।

 

निगम के महाप्रबंधक ने जानकारी दी कि सुबह छह बजे से शाम पांच बजे तक चले इस छापेमारी अभियान में मुख्यालय के एपीटी दल के साथ साथ प्रबंधन-अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक एवं अपर पुलिस महानिदेशक, निगरानी एवं सुरक्षा के निर्देशन में कार्रवाई की गयी।

झारखण्ड उर्जा विकास निगम लिमिटेड ने विद्युत चोरी के रोकथाम के लिये सभी नागरिकों से अपील की है कि उर्जा की चोरी कर रहे व्यक्तियों की सूचना मुख्यालय के ईमेल पर कर सकते हैं, सूचना देने वालों का नाम गुप्त रखा जाएगा।