किसान महापंचायत की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट की तल्ख टिप्पणी- आपने पूरे शहर का गला घोंट दिया

नई दिल्ली: किसान महापंचायत की ओर से जंतर-मंतर पर सत्याग्रह की अनुमति देने की मांग करने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस एएम खानविलकर की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि याचिका दायर करके प्रदर्शन की मांग करने का कोई मतलब नहीं है। अगर आप अदालत में विश्वास रखते हैं, तो प्रदर्शन की क्या जरूरत है। मामले की अगली सुनवाई 4 अक्टूबर को होगी।

दरअसल, किसान महापंचायत नामक किसान संगठनों के समूह ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करके दिल्ली के जंतर-मंतर पर सत्याग्रह करने की अनुमति मांगी है। किसान महापंचायत ने कहा है कि उन्हें भी उसी तरह सत्याग्रह करने की इजाजत दी जाए जैसी इजाजत दिल्ली पुलिस ने संयुक्त किसान मोर्चा को दी है। वकील अजय चौधरी के जरिये दायर याचिका में मांग की गई है कि जंतर-मंतर पर कम से कम दो सौ किसानों के सत्याग्रह करने के लिए जगह उपलब्ध कराई जाए।

किसान महापंचायत ने पहले दिल्ली पुलिस से जंतर-मंतर पर सत्याग्रह करने के लिए स्थान उपलब्ध कराने की मांग की थी लेकिन उन्हें स्थान उपलब्ध नहीं कराया गया। इसी याचिका पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि आपने पूरे शहर का गला घोंट दिया है और अब आप जंतर-मंतर आना चाहते हैं। अगर आप अदालत में विश्वास रखते हैं, तो प्रदर्शन की क्या जरूरत है। अब इस मामले पर अगली सुनवाई 4 अक्टूबर को होगी।