ताइवान ने चीन को दिखाया अपना दम , जंग छिड़ने की आशंका बढ़ी

चीन और ताइवान के बीच पिछले कुछ महीनों से तनाव अपने चरम पर है। चीन लगातार ताइवान के आस-पास बड़े पैमाने पर सैन्य अभ्यास कर रहा है। इस बीच ताइवानी सेना ने मंगलवार को द्वीप के पास एक चीनी ड्रोन पर गोलीबारी कर दी है। यह ड्रोन ताइवानी नियंत्रण वाले एक द्वीप पर चीनी सीमा के करीब उड़ान भर रहा था। ताइवानी सेना की फायरिंग के बाद ड्रोन वापस चीन की तरफ मुड़ गया। बताया जा रहा है की यह वार्निंग शॉट्स है। ताइवान के इस कदम से चीन और ताइवान के बीच तनाव बढ़ना तय है। ताइवान की सेना के मुताबिक यह चीन को चेतावनी दी गयी है। गौरतलब है की ताइवान ने पहली बार चीन के खिलाफ ऐसा कदम उठाया है।

क्या है विवाद

चीन हमेशा से ताइवान पर अपना अधिकार जताता रहा है। अमेरिकी प्रतिनिधि सभा की अध्यक्ष नैंसी पेलोसी के ताइवान दौरे के बाद से ही हालात लगातार तनावपूर्ण बने हुए हैं। यात्रा के बाद से ही चीन आक्रामक युद्धाभ्यास कर रहा है। इसके साथ ही चीन ने अमेरिका को भी अंजाम से निपटने की चेतावनी दी थी। तब से अब तक दोनों देशों ने मोर्चाबंदी कर रखी है। चीन की धमकियों के बीच ताइवान को लगातार अमेरिका का सपोर्ट मिल रहा है। सिर्फ इतना ही नहीं, अमेरिका एशिया में चीन को अलग-थलग रखने की रणनीति पर भी काम कर रहा है।

ताइवान जलडमरूमध्य से होकर गुजरे अमेरिकी युद्धपोत

ताइवान की ओर से वॉर्निंग शॉट्स दागे जाने से कुछ दिन पहले अमेरिका के दो युद्धपोत अंतरराष्ट्रीय जल के माध्यम से ताइवान जलडमरूमध्य से होकर गुजरे थे। यह जानकारी अमेरिकी नौसेना ने दी है। अमेरिकी नौसेना के युद्धपोतों के ताइवान जलडमरूमध्य से होकर गुजरने की यह घटना ऐसे समय में हुई है, जब ताइवान को लेकर चीन और अमेरिका के बीच तनाव चरम पर है. इस जलडमरूमध्य को लेकर पहले से व्याप्त तनाव के बीच अमेरिकी नौसेना के सातवें बेड़े ‘यूएस सेवंथ फ्लीट’ ने बताया कि ‘यूएसएस एंटीटम’ और ‘यूएसएस चांसलर्सविले’ अपनी नियमित यात्रा के दौरान ताइवान जलडमरूमध्य से होकर गुजरे.  पेलोसी की ताइवान यात्रा से ताइवान और चीन के बीच तनाव बढ़ने के बाद यह इस तरह का पहला ऑपरेशन था।  दो गाइडेड-मिसाइल क्रूजर, यूएसएस एंटियेटम और यूएसएस चांसलर्सविले, अंतरराष्ट्रीय जल के माध्यम से नेविगेशन की स्वतंत्रता का प्रदर्शन कर रहे हैं।