ये है दुनिया का वो रहस्यमय आईलैंड, जहां महिलाएं बैन हैं, पुरुषों के लिए भी बने हैं सख्त नियम

दुनिया में कई अजीबों-गरीब, रहस्यमयी और बेहद खूबसूरत जगहे हैं, जो अपने आप में किसी खास वजह से काफी मशहूर हैं. इन जगहों के बारे में सूनने के बाद हर किसी को वहां एक बार घूमने का मन जरूर करता है. ऐसे में हम आपको यहां एक ऐसी ही रहस्यमयी इतिहासों से भरे एक आइलैंड के बारे में बताने जा रहे है-

Sacred Island of Okinoshima and Associated Sites in the Munakata Region -  UNESCO World Heritage Centre

जी हां हम आपको बताने जा रहे है जापान के ओकिनोशिमा आइलैंड के बारे में..इस आइलैंड को काफी पवित्र माना जाता है.यह एक तीर्थ स्‍थान है.  इस आईलैंड (टापू) को यूनेस्को की विश्व धरोहर घोषित किया गया है. लेकिन इस पवित्र आइलैंड से जुड़े अजीबोगरीब नियमों के बारे में जानकर आप हैरान हो जाएंगे.

ओकिनोशिमा आइलैंड एक ऐसी जगह है, जहां महिला को प्रवेश नहीं मिलता, यानी की यहां महिलाओं के जाने पर पूरी तरह से पाबंदी है. इसके साथ ही पुरुषों को भी इस टापू पर जाने से पहले कई कड़े नियमों का पालन करना पड़ता है. वास्तव में ओकिनोशिमा का मतलब है ‘केवल पुरुष’.  पुरुषों को भी इस द्वीप के तट पर जाने से पहले निर्वस्‍त्र होकर नहाना पड़ता है. ऐसा करने के बाद ही पुरुष यहां प्रवेश कर सकते है.

Japanese sacred island where women are banned gets Unesco world heritage  listing | World news | The Guardian

यहां के नियम इतने कड़े हैं कि पूरे साल में सिर्फ एक बार ही 200 पुरुष इस टापू पर जा सकते हैं. हर साल बस 27 मई को ही यहां 200 पुरुषों को जाने की अनुमति दी जाती है. ये लोग 1904-05 में रूस-जापान युद्ध के दौरान शहीद हुए नौसैनिकों के प्रति सम्मान प्रदर्शित करने वहां जाते हैं. जो लोग इस आइलैंड पर जाते हैं, उन्हें सख्त हिदायत दी जाती है कि वो वहां से कोई भी चीज अपने साथ न लाएं. यहां तक कि उन्हें यह भी हिदायत दी जाती है कि अपनी यात्रा के बारे में भी किसी से न बताएं.

A sacred Japanese island juggles secrecy and survival - Los Angeles Times

700 वर्ग मीटर में फैला यह टापू जापान के दक्षिणपश्चिमी हिस्से में है. इस द्वीप पर 17वीं सदी में निर्मित ओकित्सु मंदिर है. जहां जहाजों की सुरक्षा के लिए संमुद्र की देवी की पूजा की जाती है.यह टापू पूर्व में कोरियाई प्रायद्वीप और चीन से व्यापार के लिए भी जाना जाता रहा है.

हालांकि इस टापू पर महिलाओं के न आने देने के पीछे की वजह अभी तक स्पष्ट नहीं है. लेकिन ऐसा कहा जाता है कि यहां महिलाओं पर पाबंदी भेदभाव स्‍वरूप नहीं है, बल्कि यह सदियों पुरानी परंपरा है जिसे वे नहीं बदलना चाहते हैं. तो आपको ये रहस्यों से भरी आईलैंड की जानकारी कैसी लगी..हमे कमेंट करके बताना ना भूले..