क्या है डेल्टा प्लस वेरिएंट? क्या कोरोना की तीसरी लहर आने में इसका हाथ होगा?

कोरोना वायरस का अब तक का सबसे खतरनाक वेरिएंट माने जाने वाले डेल्टा प्लस धीरे धीरे देश में अपने पैर पसार रहा है. देश के आठ राज्यों में इसके केस मिल चुके हैं. जिन आठ राज्यों में इसके केस सामने आए है, उनमें महाराष्ट्र, केरल, मध्य प्रदेश, तमिलनाडु, पंजाब, जम्मू कश्मीर, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, शामिल हैं. सबसे ज्यादा केस महाराष्ट्र में मिले हैं. वही डेल्टा प्लस वेरिएंट से मध्य प्रदेश में दो लोगों की मौत होने की भी खबर सामने आई है. डेल्टा प्लस वेरिएंट को लेकर गंभीरता का अंदाजा आप इस बात से लगा सकते है कि भारत में अब इसे चिंता का सबब यानी Variant of Concern मान लिया गया है.

EXPLAINER- क्या है डेल्टा प्लस वैरिएंट, एक्सपर्ट इसे क्यों बता रहे संभावित तीसरी लहर की वजह - EXPLAINER what is delta plus variant why this can be main cause of corona virus

WHO के मुताबिक, “डेल्टा, दुनिया भर के 85 देशों में मिला है..जबकि वायरस का नया डेल्टा प्लस स्वरूप अमेरिका, ब्रिटेन, पुर्तगाल, स्विट्जरलैंड, जापान, पोलैंड, नेपाल, चीन तथा रूस में पाया गया है…अब भारत भी इससे अछूता नहीं है..ऐसे में अब सबके मन में सवाल है कि आखिर क्या है ये डेल्टा प्लस वेरिएंट और क्या ये देश में कोरोना की तीसरी लहर आने की वजह बन सकता है? तो चलिए इस वीडियो में इन बातों को समझने की कोशिश करते हैं:

क्या है डेल्टा प्लस?

नाम से ही काफी हद तक साफ हो जाता है कि डेल्टा प्लस वेरिएंट, डेल्टा वैरिएंट से म्यूटेट होकर बना है. डेल्टा प्लस वैरिएंट भी दो तरह के हैं. इन्हें AY.1 और AY.2 का नाम दिया गया है. इन दोनों में एक और नई म्यूटेशन भी नजर आई है जिसे AK417N नाम दिया गया है.

चार राज्यों में डेल्टा प्लस वैरिएंट के केस, कितना खतरनाक, कैसे रहें सावधान, क्या कह रहे एक्सपर्ट? - Decoded Delta Plus variant, India's new worry - AajTak

डेल्टा प्लस वेरिएंट के बारे में उपलब्ध कम जानकारी ही इसे लेकर और ज्यादा खौफ पैदा कर रही है. इस वेरिएंट को लेकर दुनियाभर के वैज्ञानिक रिसर्च कर रहे हैं और समझने की कोशिश कर रहे हैं कि ये कितना खतरनाक है. हालांकि डेल्टा वेरिएंट ने जिस तरह से भारत में अप्रैल और मई के महीने में जबरदस्त तबाही मचाई, उसे देखते हुए आशंका है कि डेल्टा वैरिएंट के विकसित रूप यानी डेल्ट प्लस वैरिएंट उससे कहीं ज्यादा संक्रामक और खतरनाक हो सकता है. भारत में कोरोना की दूसरी लहर की वजह डेल्टा वेरियेंट को ही माना जाता है. ऐसे में अब डेल्टा वैरिएंट से म्यूटेट होकर बना डेल्टा प्लस को और खतरनाक माना जा रहा है. जिसके बाद से सरकार डेल्टा प्लस के मामलों पर करीब से नजर रख रही है ताकि इसे फैलने से रोकने के लिए समय पर और उचित कदम उठाया जा सकें..